दास्तान-गो : मल्हार राव, जिन्होंने नानासाहेब के रोकने पर काशी के गौरव का पुनर्रुत्थान छोड़ दिया
Daastaan-Go : Malhar Rao Holkar; उन्होंने 1942 में एक मर्तबा वाराणसी का रुख़ किया. क़रीब 20,000 सैनिकों के साथ काशी पर चढ़ाई की. मंसूबा था, काशी में जिस मंदिर को ढहाकर औरंगज़ेब ने मस्ज़िद बनवा दी थी, उसकी जगह फिर उस स्थल का गौरव लौटाना. उसका पुनुरुद्धार करना. लेकिन मल्हार राव अचानक वापस लौट आए.... मल्हार राव की पुण्यतिथि (20 मई) पर उनकी वीरता की कहानी.
https://ift.tt/2nGB01f
0 Comments